मनावर में 6 लोगों पर पत्थर और लाठी से हमला करने वाले 3 आरोपी गिरफ्तार, टीआई समेत 6 पुलिसकर्मी सस्पेंड

मामले में 30 से 40 आरोपियों को चिह्नित किया गया है, जिसमें से 3 लोगों की गिरफ्तारी की पुष्टि स्वास्थ्य मंत्री ने की 
घटना में मृत व्यक्ति को 2 लाख का मुआवजा दिया जाएगा, घायलों का मुफ्त इलाज कराएगी सरकार
गुरुवार सुबह शिवखेड़ा गांव में मॉबलिंचिंग का शिकार हुए गणेश की शवयात्रा में शामिल हुए हजारों लोग
इंदौर. धार जिले के मनावर के खड़किया गांव में बच्चा चोरी के शक में 6 किसानों पर भीड़ के हमला करने के मामले में पुलिस की स्पेशल टीम ने 3 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। टीआई युवराज सिंह चौहान, एसआई, एएसआई और 3 पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया गया है। हमले में एक किसान के ड्राइवर की मौत हो गई थी, जबकि 5 किसान गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जिनका इलाज इंदौर के चोइथराम अस्पताल में चल रहा है। गुरुवार सुबह घायलों से मिलने पहुंचे स्वास्थ्य मंत्री तुलसीराम सिलावट ने इस घटना को मानवता को शर्मसार करने वाली बताया। उन्होंने कहा कि घायलों का इलाज प्रदेश सरकार करवाएगी। मंत्री ने मृतक के परिवार को 2 लाख रुपए की सहायता राशि दिए जाने की घोषणा भी की। सभी पांचों किसान उज्जैन जिले के लिंबी पिपलिया गांव के हैं। जबकि ड्राइवर शिवखेड़ा गांव का था।


स्वास्थ्य मंत्री ने कहा- वीडियाे के आधार पर 40 से ज्यादा लोगों को चिह्नित किया गया है। मामले की जांच के लिए एसआईटी का गठन कर दिया गया है। घायलों का इलाज सरकार करवाएगी। वहीं, खेल मंत्री जीतू पटवारी गुरुवार को उज्जैन जिले के लिंबी पिपलिया गांव पहुंचे और पीड़ित परिवार से मुलाकात की।
भाजपा सरपंच समेत 5 को किया गिरफ्तार
एसपी आदित्य प्रताप सिंह ने कहा कि मामले में सरपंच और भाजपा नेता रमेश जूनापानी, सत्या पिता तसल्लया, गलिया पिता भूरा निवासी भूतिया को गिरफ्तार किया गया है। आरोप है कि हादसे के वक्त भाजपा सरपंच वहां उपस्थित थे और उन्होंने भीड़ को भड़काने का काम किया। सिंह के अनुसार मामले में 6 पुलिसकर्मियों को सस्पेंड किया गया है। वीडियाे में दिखाई दे रहे पुलिसकर्मियों की यदि लापरवाही पाई जाती है तो उनके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
गणेश की शवयात्रा में शामिल हुए हजारों लोग
गुरुवार सुबह शिवखेड़ा गांव में गणेश पिता मनोज पटेल की शवयात्रा निकाली गई। इसमें हजारों लोग शामिल हुए। ग्रामीणों के अनुसार, शिवखेड़ा गांव की आबादी लगभग एक हजार है। लेकिन, शवयात्रा में दो हजार से अधिक लोग थे। शिवखेड़ा के सरपंच उमराव सिंह चौहान के अनुसार, गणेश का शव बुधवार रात को ही गांव में पहुंच गया था। गणेश के शव काे उसके घर के बजाय पड़ोसी मोहनलाल के घर में रखा था। गणेश के पिता की 20 साल पहले मृत्यु हो गई थी। उसके पास 18 बीघा जमीन है, जिस पर वह खेती का कार्य करता था। उसके घर में दादी शांतिबाई, मां भूरीबाई, पत्नी शिवानी और 3 साल की बेटी अनन्या है जिन्हें गुरुवार सुबह ही हादसे के बारे में बताया गया। गणेश का अंतिम संस्कार चाचा के लड़के शुभम पटेल ने किया।
यह है मामला
उज्जैन जिले के लिंबी पिपलिया गांव के पांच खेत मालिकों ने धार जिले के खड़किया गांव के कुछ लोगों को मजदूरी के लिए रखा था। इसके एवज में 50 हजार रुपए एडवांस भी दिए थे। कुछ दिन मजदूरी करने के बाद ये लोग भाग गए। इसी राशि को लेने के लिए खेत मालिक दो कारों में सवार होकर बुधवार सुबह खड़किया पहुंचे। यहां ग्रामीणों ने पत्थरों से उन पर हमला कर दिया। वे जान बचाकर मनावर के बोरलाय गांव पहुंचे तो खड़किया के लोगों ने फोन कर अफवाह फैला दी कि वे बच्चा चोरी कर भागे हैं। हाट बाजार होने से बरलाय में काफी भीड़ थी। उन्होंने किसानों की गाड़ियां देखते ही लाठी और पत्थरों से हमला कर दिया। 500 से ज्यादा लोगों की भीड़ ने बेरहमी से दौड़ा-दौड़ाकर पीटा। किसी ने भी मदद नहीं की। लोग वीडियो बनाते रहे। इतना ही नहीं, गुस्साई भीड़ ने दोनों कारों में तोड़फोड़ कर आग लगा दी। पुलिस को भीड़ को तितर-बितर करने के लिए आसूं गैस के गोले दागने पड़े।
पांचों किसानों का इंदौर में उपचार चल रहा
एक कार के चालक गणेश पटेल की बड़वानी में उपचार के दौरान मौत हो गई थी। जबकि जगदीश राधेश्याम शर्मा (45), नरेंद्र सुंदरलाल शर्मा (42), विनोद तुलसीराम मुकाती (43), रवि पिता शंकरलाल पटेल (38) को इंदौर लाया गया है। इनमें से रवि की हालत गंभीर है।