सिंधिया के इस्तीफे के बाद इस्तीफों की झड़ी, टंडन ने भी भेजा अपना इस्तीफा

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया के इस्तीफा देते ही पूरे प्रदेश में कांग्रेस की राजनीति गरमा गई है और एक नए मोड़ पर आ गई है।


कुछ नेता जो सिंधिया के समर्थक थे, वह तो कांग्रेस से इस्तीफा देने का मन बना ही रहे हैं पर बहुत से ऐसे नेता भी हैं जिन्होंने पूरे 15 साल विपक्ष में रहने के बाद भी कांग्रेस का साथ नहीं छोड़ा और डटकर हर मौके पर, हर मोर्चे पर भाजपा का और सरकार का मुकाबला किया। पर सरकार बनते ही कुछ लोगों ने पूरे तंत्र पर कब्जा कर लिया और उन कार्यकर्ताओं को दरकिनार कर दिया गया। ऐसा ही दर्द पूर्व शहर कांग्रेस अध्यक्ष प्रमोद टंडन ने भी अपने पत्र में लिखा है जो उन्होंने सोनिया गांधी को भेजा है। टंडन ने भी इस दर्द के साथ अपना इस्तीफा दे दिया है।