होली कितना वैज्ञानिक त्यौहार है यह समझाया है डॉ अनुपम श्रीवास्तव ने

भारतीय त्यौहार वैज्ञानिक एवं एकता का संदेश देने वाले होते हैं। बहकावे में आकर इनसे दूरियां मत बढाइये। 


सामाजिक समरसता के त्यौहार होली को कुछ लोगों के कारण और कुछ ज्यादा समझदारों के कारण भंगेड़ी, निठ्ठलो  मस्ती के त्यौहार बोल के दूरी बना बना के आज समाज तो क्या हम अपने घरों में भी दूरी का शिकार हो गए।
गलत लोगों की मंशा पूरी हुई और हम अपने को समझदार समझ के कॉलर ऊँची कर घूम रहे। लेकिन यकीन मानिए आप अपने और परिवार के जीवन की वो बहुत बड़ी खुशी से भी वंचित होते जा रहे हैं जो सिर्फ मस्ती के इसी त्यौहार पर अनुभव की जा सकती है। 


जो सामाजिक एकता का परिचय ये त्यौहार देता है और कोई भी नही। जाने के साथ अनजाने लोगों के जीवन में भी रंग भरने वाले इस त्यौहार को मना के खुशी के चरम आनंद को पाएँ जो यकीन मानिए किसी और तरीके से नहीं मिल सकता। 


त्यौहार के समय की गणना और मनाने के तरीके बहुत ही वैज्ञानिक तरीके से सोचे हुए हैं उनके पीछे के असली मतलब को समझे बिना हम कुछ लोगों के छल का शिकार हो रहे हैं।
-----डॉ अनुपम श्रीवास्तव


 


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