नर्मदा नदी उफान पर, मोरटक्का पुल पर लगाया प्रतिबंध प्रशासन ने किया हाई अलर्ट

ओकारेश्वर. ओकारेश्वर मोरटक्का मे नर्मदा नदी उफान पर अत्यधिक वर्षा के चलते पुनासा एसडीएम ओकारेश्वर पहुंची मांधाता क्षेत्र के दुकानदारों को दुकानों से हटाकर दूकाने मकान खाली करने के निर्देश दिए ज्योतिर्लिंग ओकारेश्वर पहुंच मार्ग की दुकानों के सामान को सुरक्षित स्थानों पर नगरवासियों अधिकारियों जिम्मेदारों द्वारा सुरक्षा की दृष्टि से पहुंचाया जा रहा है मोरटक्का राष्ट्रीय राजमार्ग पुल को नर्मदा नदी खतरे के निशान पार करने के कारण बड़े एवं छोटे वाहनों को बंद कर दिया गया खंडवा जिला प्रशासन मांधाता थाना क्षेत्र के अंतर्गत तथा खरगोन जिला प्रशासन बड़वाह थाना क्षेत्र के अंतर्गत आवाजाही पर अधिकारियों को दोनों और तैनात कर दिया गया ओकारेश्वर के ऊपरी क्षेत्र में हो रही लगातार बारिश के चलते जनजीवन अस्त व्यस्त हो रहा है नर्मदा खतरे के निशान तक आ पहुंची है मार्गो को बंद किया जा रहा है सुरक्षा की दृष्टि से प्रशासन चुस्त और दुरुस्त व्यवस्थाओं में जुड़ गया इंदिरा सागर बांध से लगातार पानी छोड़े जाने के कारण ओकारेश्वर बांध परियोजना में पिछले 2 दिनों से लगभग 23 गेट सभी खोल दिया गया निरंतर 30000 क्यूमेक्स पानी अभी डिस्चार्ज किया जा रहा है एहतियात के तौर पर भारी वाहनों को खंडवा खरगोन प्रशासन द्वारा मार्ग परिवर्तन कर दिया गया है निचली बस्तियों को नगर परिषद और राजस्व विभाग की टीम द्वारा खाली घाटों से कराया जा रहा है


 पुनासा एसडीएम श्रीमती ममता खेड़े ने कहा कि नर्मदा घाटी क्षेत्र में अत्यधिक वर्षा हुई होने के कारण इंदिरा सागर परियोजना ओकारेश्वर बांध परियोजना दोनों में अत्यधिक पानी आ रहा है इंदिरा सागर परियोजना 23000 क्युमेक्स पानी दिखाई दे रहा है सुबह (शनिवार )से 14000 क्युमेक्स पानी इंदिरा सागर से छोड़ रहे हैं ओकारेश्वर परियोजना से 14 हजारों में पानी छोड़ा जा रहा था नर्मदा नगर भोपाल जाने वाले मार्ग को बंद कर दिया गया है ओकारेश्वर के निकट मोरटक्का पुल को भी जो इन्दौर खंडवा खरगोंन को मिलता है भारी वाहनों को प्रतिबंधित कर दिया गया मार्ग डायवर्ट कर दिया है नर्मदा नदी 162 मीटर के ऊपर बह रही है 165 .10 .98 खतरे का निशान लेबल है सुरक्षा की दृष्टि से प्रंतिबध कई मार्ग को कीया गया हैसभी से प्रशासन नेअपील की है कि वर्षा की स्थिति को मध्यनजर आसपास के आवागमन को स्थगित करने की अपील लोगों से की जा रही है तहसीलदार उदय मंडलोई ने कहा कि वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर पूरा अमला नर्मदा तट पर लगा हुआ है हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया है निचली बस्तियों में रहे लोगों को रेस्क्यू कर निकाला जा रहा है रात्रि तक 25000 क्यूसेक पानी और छोड़ा जाएगा जिससे नर्मदा का जलस्तर और बढ़ेगा इतिहास तौर पर ओकारेश्वर मोरटक्का निचली बस्ती में पुलिस प्रशासन द्वारा सतत निगरानी रखी जा रही है ओकारेश्वर की नाव को नागरिकों द्वारा सुरक्षा स्थान पर लिए जाने के निर्देश भी दिए हैं